मां तुमसे किया हर वादा

सपने, उम्मीदे, वादे, मैं पूरे कर दिखाऊंगा
मां तुमसे किया हर वादा, मैं जरूर निभाऊंगा

आशाएं जीवन की चाहे, रोशनी ना दे मुझे
उस अंधेरे में मैं मां, तेरे ज्ञान कि मशाल जलाऊंगा

मां तुमसे किया हर वादा, मैं जरूर निभाऊंगा

राहें चाहे भर ले अपने आप को कांटो से
तेरे प्यार के सुमन, मैं उन पर बिछाऊंगा

मां तुमसे किया हर वादा, मैं जरूर निभाऊंगा

बादल गरजे, बिजली चमके या बरसे बरसात
तेरे आशीर्वाद की ताकत से मैं, आगे बढ़ता जाऊंगा

मां तुमसे किया हर वादा, मैं जरूर निभाऊंगा

पर एक ही कसक है दिल में, जो कांटो सी चुभती है
की इस एक जीवन में मैं मां, तेरा कर्ज़ कैसे चुकाऊंगा

मां तुमसे किया हर वादा, मैं जरूर निभाऊंगा।

पाकीज़ा

पाकीज़ा, यह बात कैसी है
तेरी चौखट पर ही आते है

हुस्न वाले तो और भी है बाज़ार में
दुनिया भर के हुस्न में हम अक्स तेरा ही पाते है

पाकीज़ा, यह बात कैसी है
तेरी चौखट पर ही आते है

अगर तुम हुस्न लुटाती हो
तो हम भी झोली लुटाते है

पाकीज़ा, यह बात कैसी है
तेरी चौखट पर ही आते है

हाथों से पिलाती नहीं, दिल-ए-जा़म बनती हो
कुछ ही चुस्कियों में हम, मदहोश हो जाते है

पाकीज़ा, यह बात कैसी है
तेरी चौखट पर ही आते है